जीजा की मौके पर मौत साला गंभीर रूप से घायल
सूचना परजनों में मचा कोहराम

अनिल शर्मा
मुरादाबाद ( ठाकुरद्वारा )
तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने बाइक पर सवार दो लोगों को रौंद दिया जिसमें जीजा की मौके पर मौत हो गई और साला गंभीर रूप से घायल हो गया बाइक भी वुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई I सूचना पर पहुंची पीआरबी पुलिस ने तत्काल घायल को उपचार के लिए ठाकुरद्वारा सरकारी अस्पताल में भेजा चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार कर हालत गंभीर बताते हुए हायर सेंटर रेफर कर दिया | सूचना पर परिजन भी अस्पताल पहुंचे घायल को आनन-फानन में अखंड के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया |
थाना क्षेत्र के गांव रामनगर खा गूवाला निवासी 65 वर्षीय शौकत पुत्र घसीटा अपने साले शरीफ नगर निवासी इलियास को साथ लेकर बाइक से जनपद बिजनौर के धामपुर काम से जा रहे थे I इसी तरह सवेरे 8:00 बजे के आसपास तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने शरीफ नगर सूरजयनगर मार्ग पर स्थित गांव गुलाब नगर के पास बाइक को रौंद दिया | जिसमें 65 वर्षीय शोकत की मौके पर मौत हो गई और साला मोहम्मद इलियास गंभीर रूप से घायल हो गया | सूचना पर पीआरबी पुलिस ने तत्काल गंभीर घायल मोहम्मद इलियास को उपचार के लिए पर अस्पताल में भेजा | चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद हालत गंभीर बताते हुए हायर सेंटर रेफर कर दिया | घटना की सूचना मिलते ही रामनगर खागूवाला व शरीफनगर व के रिश्तेदार में परिजन भी मौके पर पहुंचे | दोनों परिवारों में कोहराम मच गया | पुलिस ने मौके पर पहुंचकर मृतक के शव को कब्जे में ले पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया | देर शाम पीएम के बाद शव घर पहुंचने पर मृतक की पत्नी शाहिदा खातून बेटे रियासत ,फिरासत, लियाकत , शाहिद ,बेटी सोनी व पुत्र वधुओं का रोते बिलखते बुरा हाल था I बेटे शाहिद ने बताया कि सभी भाई पिता के साथ एक ही घर में सहते है I पिता का साया उठ जाने से सारे भाई अपने को ऐसा है महसूस कर रहे हैं |

Продолжительное употребление алкоголя вызывает опасные последствия для здоровья из-за сильной алкогольной интоксикации, а также наносит вред многим другим факторам, влияющим на качество жизни. Запой разрушает работу внутренних органов, приводит к обезвоживанию, нарушению солевого баланса, повышению давления, сбоям сердечно-сосудистой системы, обострению хронических заболеваний, депрессии, страху, бессоннице и неадекватному поведению. Чем дольше больной продолжает пить, тем больше токсинов накапливается в крови, тем тяжелее проходит процесс выхода из запойного состояния и тем выше вероятность инфаркта, инсульта, психоза, делирия, судорожных припадков и других тяжелых последствий.
Углубиться в тему – вывод из запоя в стационаре новороссийск