उत्तराखंड के बडे़ नगरों में पीएम 10 लेविल सामान्य से चौगुना तक
काशीपुर। स्वच्छ व स्वस्थ्य हवा वाले माने जाने वाले उत्तराखंड के बड़े नगरों की हवा में प्रदूषण का जहर घुलने लगा है तथा वहां का पी.एम.10 लेविल सामान्य से बहुत अधिक रहने लगा है। यह खुलासा उत्तराखंड पर्यावरण सरंक्षण एवं प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा सूचना अधिकार के अन्तर्गत नदीम उद्दीन को उपलब्ध करायी गयी सूचना से हुआ। नदीम उद्दीन एडवोकेट ने उत्तराखंड पर्यावरण संरक्षण एवं प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से प्रदूषण मानीटरिंग के विवरणों की सूचना मांगी थी। इसके उत्तर में लोकसूचना अधिकारी/पर्यावरण अभियंता अनुराग नेगी ने वर्ष 2022 तथा 2023 के जनवरी से जून तक के विवरणों की सूचना उपलब्ध करायी है।
उपलब्ध विवरणों के अनुसार जनवरी 2023 में देहरादून में रायपुर पर मापा गया पी.एम 10 लेविल सामान्य 50 से लगभग चौगुना 193 रहा, क्लॉक टावर पर 166, आई.एस.बी.टी. पर 177 तथा दून यूनिवर्सिटी पर 69, )षिकेश में नटराज होटल पर मापा गया 147, नगर निगम पर 137, एस.पी.एस. हास्पिटल पर 139, काशीपुर में राजकीय अस्पताल पर मापा गया 117, हरिद्वार में )षिकुल पर मापा गया 133, रूड़की में नगर निगम पर 109, रूद्रपुर में राजकीय अस्पताल पर मापा गया 119, हल्द्वानी में जल संस्थान पर मापा गया 114 रहा जो कि सामान्य से बहुत अधिक है तथा नैनीताल का नगर पालिका पर मापा गया सामान्य से कुछ अधिक 51 रहा। जबकि जनवरी में उत्तरकाशी का 23, टिहरी का 38, पौड़ी का 44, गोपेश्वर का 36, अल्मोड़ा का 35, बागेश्वर का 32 सामान्य रहा। इनका पहाड़ी शहरों का पी.एम. 10 लेविल फरवरी से जून 23 तक सभी माहो में बहुत अच्छा 50 से कम ही रहा है।
