काशीपुर। पुलिस महानिदेशक की पहल पर प्रदेश भर में एक मार्च से दो माह के लिए चलाए जा रहे “आॅपरेशन मुक्ति” अभियान के तहत जनपद ऊधम सिंह नगर में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मंजूनाथ टीसी के दिशा निर्देशन एवं पुलिस उपाधीक्षक आॅपरेशन श्रीमती अनूषा बडोला के पर्यवेक्षण में आॅपरेशन मुक्ति टीमें बनाकर बाल भिक्षावृत्ती व बालश्रम में लिप्त बच्चों का चिन्हीकरण कर उनका दाखिला स्कूल में कराया जा रहा है।
काशीपुर सर्किल में नियुक्त द्वितीय टीम उपनिरीक्षक जावेद मलिक, कां. गिरीश काण्डपाल, कां. दयालुराम, कां. महेन्द्र, महिला कां. किरन मेहरा द्वारा सत्यापन की कार्यवाही के दौरान चमकते सितारे ढूंढ निकाले। पुलिस के मुताबिक कोमल पुत्री श्याम सिंह, गौरव पुत्र श्याम सिंह निवासीगण सुभाषनगर काशीपुर ने लाॅकडाउन के कारण स्कूल जाना बन्द कर दिया था। चूंकि बच्चों के माता-पिता लाॅकडाउन के चलते प्राईवेट स्कूल की फीस भरने में सक्षम नहीं थे। वर्ष 2021 में “आॅपरेशन मुक्ति” के दौरान उत्तराखण्ड पुलिस द्वारा इन बच्चों से संपर्क कर इनकी परेशानी को देखते हुए पुलिस के सहयोग से उक्त बच्चों का दाखिला राजकीय प्राथमिक विद्यालय रेलवे काशीपुर में कराया गया था। प्रधानाध्यापक शैलेश कुमार ने बच्चों की पूर्ण जिम्मेदारी लेते हुए बच्चों को गुणवत्ता की शिक्षा देने के साथ-साथ बच्चों की प्रतिभा को भी निखारने का कार्य किया। जिसके चलते कोमल द्वारा कक्षा-3, 91.47 प्रतिशत अंको के साथ व गौरव ने कक्षा-4, 71.87 प्रतिशत अंको के साथ उत्तीर्ण की। दोनों बच्चे प्रतिभावान हैं। कोमल जूडो-कराटे का हुनर रखती है, जबकि गौरव क्रिकेट व खो-खो खेल में प्रतिभाशाली है। कोमल ने नेशनल कराटे चैम्पियनशिप हल्द्वानी 2023 में सिल्वर मेडल जीता, जबकि गौरव ने खो-खो स्टेट चैम्पियनशिप में द्वितीय स्थान व जिले में प्रथम स्थान प्राप्त किया। पुलिस ने ‘‘आओ मिलकर प्रण लें, बच्चो के हाथो में भिक्षा नहीं शिक्षा देंगे’’ का आहवान करते हुए कहा कि जिस तरह राजकीय प्राथमिक विद्यालय रेलवे काशीपुर के प्रधानाध्यापक शैलेश कुमार द्वारा मेहनत और लगन से प्राईमरी स्कूल को स्पोर्टस एकडेमी में बदलकर निःस्वार्थ भाव से बच्चों के भविष्य को सुनहरा करने में अपना योगदान दिया जा रहा है।
